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Animals & Birds
Sau Choohe Khaakar Billi Haj Ko Chali
जीवन भर पाप, छल और अत्याचार करने के बाद बुढ़ापे में धर्मात्मा या भक्त होने का ढोंग रचना।
A cat embarking on a holy pilgrimage after devouring a hundred mice; a sinner feigning piety after a lifetime of wicked deeds.
Equivalent: The devil citing scripture / A hypocrite turning pious late in life
- जीवन भर कालाबाजारी करने वाला लाला अब मंदिर बनवाकर दानवीर बन रहा है, इसे कहते हैं सौ चूहे खाकर बिल्ली हज को चली।
- अपराधियों को संरक्षण देने वाला राजनेता जब अहिंसा पर प्रवचन देता है, तो लगता है सौ चूहे खाकर बिल्ली हज को चली।
- वर्षों तक कर्मचारियों का शोषण करने के बाद अब वह धर्मार्थ ट्रस्ट चला रहा है, यह तो वही बात हुई।
Source (स्रोत): मध्यकालीन लोक व्यंग्य व धार्मिक पाखंड (Medieval Satire on False Pilgrimages)
बिल्ली का नैसर्गिक स्वभाव चूहों का शिकार करना है। जब वह सैकड़ों चूहों को मारकर पवित्र तीर्थ या हज पर जाने का दिखावा करे, तो यह समाज के उन धनी पाखंडियों पर गहरा व्यंग्य है जो पाप की कमाई से पुण्य खरीदना चाहते हैं।
सौ चूहे खाकर बिल्ली हज को चली
Sau Choohe Khaakar Billi Haj Ko Chali
Meaning & Connotation
जीवन भर पाप, छल और अत्याचार करने के बाद बुढ़ापे में धर्मात्मा या भक्त होने का ढोंग रचना।
English Meaning & Significance
"A cat embarking on a holy pilgrimage after devouring a hundred mice; a sinner feigning piety after a lifetime of wicked deeds."
Sentence Usages & Authentic Examples
Understand accurate usage in daily communication and academic examinations:
जीवन भर कालाबाजारी करने वाला लाला अब मंदिर बनवाकर दानवीर बन रहा है, इसे कहते हैं सौ चूहे खाकर बिल्ली हज को चली।
अपराधियों को संरक्षण देने वाला राजनेता जब अहिंसा पर प्रवचन देता है, तो लगता है सौ चूहे खाकर बिल्ली हज को चली।
वर्षों तक कर्मचारियों का शोषण करने के बाद अब वह धर्मार्थ ट्रस्ट चला रहा है, यह तो वही बात हुई।
Origin & Context
मध्यकालीन लोक व्यंग्य व धार्मिक पाखंड (Medieval Satire on False Pilgrimages)
बिल्ली का नैसर्गिक स्वभाव चूहों का शिकार करना है। जब वह सैकड़ों चूहों को मारकर पवित्र तीर्थ या हज पर जाने का दिखावा करे, तो यह समाज के उन धनी पाखंडियों पर गहरा व्यंग्य है जो पाप की कमाई से पुण्य खरीदना चाहते हैं।
यह लोकोक्ति हिंदू और मुस्लिम दोनों संस्कृतियों के साझा लोक मानस (गंगा-जमुनी तहज़ीब) का उत्कृष्ट भाषाई उदाहरण है।
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Frequently Asked Questions (FAQ)
सौ चूहे खाकर बिल्ली हज को चली लोकोक्ति का अर्थ क्या है?
सौ चूहे खाकर बिल्ली हज को चली का हिंदी अर्थ "जीवन भर पाप, छल और अत्याचार करने के बाद बुढ़ापे में धर्मात्मा या भक्त होने का ढोंग रचना।" होता है। अंग्रेजी भाषा में इसका तात्पर्य "A cat embarking on a holy pilgrimage after devouring a hundred mice; a sinner feigning piety after a lifetime of wicked deeds." है।
What is the English meaning of "Sau Choohe Khaakar Billi Haj Ko Chali"?
The English meaning of "Sau Choohe Khaakar Billi Haj Ko Chali" (सौ चूहे खाकर बिल्ली हज को चली) is "A cat embarking on a holy pilgrimage after devouring a hundred mice; a sinner feigning piety after a lifetime of wicked deeds.". An equivalent English saying is "The devil citing scripture / A hypocrite turning pious late in life".
सौ चूहे खाकर बिल्ली हज को चली का वाक्य प्रयोग कैसे करें?
वाक्य प्रयोग: "जीवन भर कालाबाजारी करने वाला लाला अब मंदिर बनवाकर दानवीर बन रहा है, इसे कहते हैं सौ चूहे खाकर बिल्ली हज को चली।"
सौ चूहे खाकर बिल्ली हज को चली की उत्पत्ति (Origin) और संदर्भ क्या है?
स्रोत: मध्यकालीन लोक व्यंग्य व धार्मिक पाखंड (Medieval Satire on False Pilgrimages)। संदर्भ: बिल्ली का नैसर्गिक स्वभाव चूहों का शिकार करना है। जब वह सैकड़ों चूहों को मारकर पवित्र तीर्थ या हज पर जाने का दिखावा करे, तो यह समाज के उन धनी पाखंडियों पर गहरा व्यंग्य है जो पाप की कमाई से पुण्य खरीदना चाहते हैं। विशेष तथ्य: यह लोकोक्ति हिंदू और मुस्लिम दोनों संस्कृतियों के साझा लोक मानस (गंगा-जमुनी तहज़ीब) का उत्कृष्ट भाषाई उदाहरण है।